हम कोरोना महामारी की अभी तक दो लहरों से निपट चुके हैं और वर्तमान में तीसरी लहर से जूझ रहे हैं। दूसरी लहर के समय हमने कितने अधिक अपनों को खाया है, यह किस से छुपा नहीं है। आईये जानें ऐसे आसान उपाय जिनके द्वारा हम तीसरी लहर से अत्यंत आसानी से निपट सकते हैं।

- नाक के छिद्रों में नारियल या सरसों का तेल एक एक बूंद लगाकर ही बाहर निकले।
- मास्क लगाकर रखें और कोविड नियमो का पालन करे।
- माह में दस दिन कालमेघ अर्थात कडू चिरायता और गिलोय का काढ़ा पियें। इसके लिए दोनों के मिश्रण का 25 ग्राम एक लीटर पानी में डालकर उबालें। आधा होने पर छान लें। इसका आधा कप सुबह एक बार खाली पेट पियें। यह एममुनिटी बूस्टर है तथा एंटीवायरल है।
- जब भी ऐसा लगे कि आपको जुखाम, खांसी या गले मे खराश है और बुखार सा लग रहा है तो आप इसे फ्लू या वायरल फीवर या कोरोना का प्रकोप ही मानें। अपने को अलग कर ले और घर के लोगों से भी अलग रखे।
- त्रिकुट पाउडर एक चुटकी उतने ही शहद के साथ लेकर दो बार दिन में चाटेंं।
- गार्गल करने के लिए एक कप पानी में एक चुटकी हल्दी और एक चुटकी फिटकिरी की भस्म मिला कर गरम कर लें फिर इसी से दिन में दो बार गार्गल करे।
- यदि कफ अधिक हो और आपको फेफड़े में संक्रमण लग रहा हो तो आप बरगद का दूध एक चम्मच, दो चम्मच सादे दूध के साथ मिलाकर सुबह शाम दो बार ले। सात दिन में फेफड़ो का संक्रमण दूर हो जाएगा।
- फिटकिरी की भस्म एक चुटकी उतनी ही शहद के साथ सुबह शाम चाटने पर सात दिन में कफ और जुखाम ठीक हो जाता है।
- एक देसी उपाय सर्दी, जुखाम दूर करने के लिए यह भी है। एक गिलास दूध में एक चुटकी हल्दी डालकर गरम करें और उसमें आधा चम्मच सोंठ का चूर्ण डालकर खूब उबाले। फिर यह गर्म पीने लायक हो तो धीरे धीरे पिये। सुबह शाम लेने से तीन दिन में सर्दी जुकाम ठीक हो जाता है।
- पोस्ट कोविड में कमजोरी रहती है तो उसमें भी कालमेघ और गिलोय का काढ़ा सुबह-शाम सात दिन तक जरूर पिये।
- कमजोरी दूर करने के लिए एक चम्मच च्यवनप्राश एक गिलास दूध के साथ सुबह लें अथवा आधा चम्मच अश्वगंधा का चूर्ण एक गिलास कुनकुने दूध में मिलाकर एक बार लेवें।

